
अध्ययन के अनुसार, अमीर देश 2048 तक सर्वाइकल कैंसर को खत्म करने की दिशा में बढ़ रहे हैं, जिसके लिए एचपीवी टीकाकरण और नियमित स्क्रीनिंग को मुख्य हथियार माना जा रहा है।
भारत में 90 फीसदी कवरेज वाले सिंगल-डोज टीकाकरण कार्यक्रम को लागू करने से सर्वाइकल कैंसर के मामलों में बड़ी गिरावट आने की उम्मीद जताई गई है।
सर्वाइकल कैंसर से बचाव के लिए टीकाकरण और समय पर जांच को सबसे प्रभावी उपाय माना गया है, जो भविष्य में इस बीमारी के बोझ को कम कर सकता है।