प्रधानमंत्री मोदी द्वारा 80वें स्वतंत्रता दिवस पर 'दिमागी नक्सल' सोच रखने वालों के खिलाफ की गई टिप्पणी के बाद कॉकरोच जनता पार्टी (CJP) ने तीखी प्रतिक्रिया दी है।
CJP की नेता रत्ना सिंह ने सोशल मीडिया पर सवाल उठाया कि 'क्या होगा यदि सारे दिमागी नक्सल एक साथ आ जाएं?', जिसे पार्टी ने युवाओं के प्रदर्शन से जोड़ा है।
सीजेपी के सह संयोजक सौरभ दास ने सरकार पर आरोप लगाया कि वह सिर्फ सवाल पूछने वाले पढ़े-लिखे युवाओं को नक्सली करार देकर उनकी समस्याओं को हल करने में विफल रही है।