जमीयत उलेमा-ए-इस्लाम के प्रमुख मौलाना फजलुर रहमान ने आरोप लगाया कि पाकिस्तान की शहबाज शरीफ सरकार केवल एक मुखौटा है और असली फैसले सेना ले रही है।
रहमान ने दावा किया कि सैन्य नेतृत्व देश के चार सूबों को तोड़कर छोटे राज्यों में बांटने की योजना बना रहा है, जिसका उन्होंने कड़ा विरोध किया है।
उन्होंने बांग्लादेश के गठन का उदाहरण देते हुए चेतावनी दी कि एकतरफा फैसले लेने से देश की एकता कमजोर होगी और इस पर व्यापक बहस होनी चाहिए।