
केंद्रीय गृहमंत्री अमित शाह ने हाल ही में कहा है कि 2029 तक एनडीए-शासित 22 राज्यों में समान नागरिक संहिता लागू की जाएगी।
टीडीपी और शिवसेना ने इस बयान का समर्थन किया है, जबकि जेडीयू ने चिंता जताते हुए बिना व्यापक सहमति के इसे जल्दबाजी में लागू न करने की वकलत की है।
वहीं कांग्रेस ने अल्पसंख्यक विभाग की बैठक में इसके खिलाफ रणनीति बनाई और ओवैसी ने जंतर-मंतर पर प्रदर्शन में शामिल होने की बात कही।