
पश्चिम बंगाल सरकार मदरसा सेवा आयोग को समाप्त कर इसे पश्चिम बंगाल स्कूल सेवा आयोग में मिलाने की प्रक्रिया शुरू कर चुकी है.
इस बदलाव के बाद मान्यता प्राप्त मदरसों में शिक्षकों की नियुक्ति के लिए अलग आयोग की व्यवस्था खत्म हो जाएगी.
कैबिनेट की मंजूरी मिलने के बाद नई व्यवस्था को लागू करने के लिए सरकार इसी साल विधानसभा में कानून संशोधन विधेयक पेश कर सकती है.