सुप्रीम कोर्ट 17 सितंबर को ओबीसी क्रीमी लेयर के निर्धारण पर सुनवाई करेगा, जिसमें केंद्र सरकार ने स्पष्ट किया है कि यह केवल माता-पिता की आय पर निर्भर नहीं होना चाहिए।
यह मामला सिविल सेवा परीक्षा 2025 के 958 उम्मीदवारों के सर्विस अलोकेशन से जुड़ा है, जो वर्तमान में कानूनी पेच के कारण रुका हुआ है।
केंद्र ने अदालत से आग्रह किया है कि इस मामले में कोई भी अंतरिम आदेश न दिया जाए ताकि प्रशासनिक नियुक्तियों में देरी न हो।