
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने 26 जुलाई 2026 को सार्वजनिक परीक्षा प्रणाली को सुरक्षित और लीक-प्रूफ बनाने के लिए नंदन नीलेकणी की अध्यक्षता में एक हाई-पावर्ड टास्क फोर्स के गठन की घोषणा की है।
नीलेकणी, जिन्होंने 1981 में इंफोसिस की स्थापना की और आधार प्रोजेक्ट व UPI के विकास में अहम भूमिका निभाई, अब NEET-UG और UGC-NET जैसी परीक्षाओं की विश्वसनीयता बहाल करने के लिए तकनीक आधारित समाधान देंगे।
यह टास्क फोर्स परीक्षा प्रक्रिया में पारदर्शिता लाने के लिए काम करेगी, ताकि भविष्य में पेपर लीक जैसी घटनाओं को रोका जा सके और छात्रों का सिस्टम पर भरोसा फिर से कायम हो सके।