दिल्ली सरकार ने 20 जुलाई के 'संसद चलो मार्च' के प्रदर्शनकारियों के खिलाफ कानूनी कार्रवाई न करने का फैसला किया है, लेकिन आपराधिक पृष्ठभूमि वाले लोगों पर कार्रवाई जारी रहेगी।
गृह विभाग के आदेश के अनुसार, प्रदर्शन से जुड़ी 13 एफआईआर की समीक्षा की जा रही है और हिरासत में लिए गए लोगों को रिहा करने की प्रक्रिया तेज कर दी गई है।
यह निर्णय 28 जुलाई को सुप्रीम कोर्ट द्वारा दिए गए निर्देशों के बाद लिया गया है, जिससे शांतिपूर्ण प्रदर्शन करने वाले छात्रों को बड़ी राहत मिली है।