
सितंबर में भारत के आठ प्रमुख उद्योगों (कोर सेक्टर) की विकास दर बढ़कर 7.9% हो गई, जो अप्रैल 2024 के बाद सबसे अधिक है.
बिजली, पेट्रोलियम रिफाइनरी उत्पादों और लौह अयस्क जैसे क्षेत्रों के बेहतर प्रदर्शन से यह वृद्धि संभव हुई, हालांकि कच्चे तेल, प्राकृतिक गैस और खाद उत्पादन में गिरावट आई.
इस वित्त वर्ष की पहली छमाही में कोर सेक्टर का कुल उत्पादन 5.1% बढ़ा, जो पिछले साल की समान अवधि के 2.5% से दोगुना है.