मई में अमेरिका ने ईरान के इस्लामिक रिवोल्यूशनरी गार्ड कॉर्प्स (IRGC) से संपर्क साधने के लिए कुर्दिस्तान के राष्ट्रपति नेचिरवन बरजानी को मध्यस्थ के रूप में चुना था।
14 मई को एक एन्क्रिप्टेड फोन के जरिए बरजानी ने IRGC कमांडर जनरल अहमद वाहिदी से बात की, जिन्होंने ईरानी वार्ताकारों के प्रति अपना पूर्ण समर्थन व्यक्त किया था।
ट्रंप प्रशासन यह सुनिश्चित करना चाहता था कि तेहरान में फैसले कौन ले रहा है, हालांकि सुरक्षा चिंताओं के कारण एरबिल में प्रस्तावित गुप्त बैठक सफल नहीं हो सकी।