
प्रवर्तन निदेशालय (ED) ने दिल्ली सरकार के स्वास्थ्य विभाग में हुए 600 करोड़ रुपये के कथित मेडिकल खरीद घोटाले में मनी लॉन्ड्रिंग का मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
जांच एजेंसी ने टेंडर प्रक्रिया, कंपनियों के चयन और उपकरणों की गुणवत्ता से जुड़े सभी रिकॉर्ड तलब किए हैं, जबकि इस मामले में अब तक 20 से ज्यादा लोगों से पूछताछ हो चुकी है।
पूर्व स्वास्थ्य मंत्री सौरभ भारद्वाज ने इस मामले से जुड़ी फाइलें गायब होने का आरोप लगाया है, जबकि CPA के पूर्व प्रमुख डॉ. विनोद कुमार रंगा को पहले ही गिरफ्तार किया जा चुका है।