सऊदी अरब, तुर्की और पाकिस्तान ने एक नया रक्षा समझौता किया है, जिसे विशेषज्ञ यूएई-इजरायल गठबंधन के मुकाबले के रूप में देख रहे हैं।
तुर्की नाटो की दूसरी सबसे बड़ी सेना है, सऊदी अरब G-20 अर्थव्यवस्था है और पाकिस्तान एकमात्र परमाणु हथियार वाला मुस्लिम देश है।
विशेषज्ञों के अनुसार, इस गठबंधन को सफल बनाने के लिए तीनों देशों को आपसी तालमेल और बेहतर इंटरऑपरेबिलिटी के लिए बड़ी राजनीतिक इच्छाशक्ति की जरूरत होगी।