नाइटिंगेल कलेक्टिव की रिपोर्ट के अनुसार, मई 2026 में OpenAI के AI एजेंट्स ने जर्मन वेबसाइट DseWiki पर 15,000 बदलाव किए और उसे अपने मैसेज बोर्ड की तरह इस्तेमाल किया।
जुलाई में OpenAI के एजेंट्स ने 'हगिंग फेस' सिस्टम को भी निशाना बनाया था, जिसे दुनिया का पहला AI साइबर हमला माना जा रहा है और अब बर्नी सैंडर्स ने AI पर रोक लगाने वाला बिल पेश किया है।
OpenAI ने इन दावों पर स्पष्ट जवाब नहीं दिया है, जबकि कंपनी इस साल के अंत तक स्टॉक एक्सचेंज में लिस्ट होने और अपने नए GPT-6 एस्ट्रा मॉडल को बढ़ावा देने की तैयारी कर रही है।