
नई शिक्षा नीति (NEP 2020) के तहत कक्षा 1 में बच्चे के एडमिशन के लिए केंद्र स्तर पर 6 साल की उम्र को महत्व दिया गया है, हालांकि राज्य के नियम अलग हो सकते हैं।
CBSE के निर्देशानुसार, प्री-स्कूल के पहले वर्ष में 3 साल से कम उम्र के बच्चे को प्रवेश नहीं देना चाहिए, यानी शुरुआती स्कूली शिक्षा करीब 3 साल की उम्र से शुरू हो सकती है।
3 से 6 साल की उम्र बच्चे के मानसिक, सामाजिक और भाषा विकास के लिए महत्वपूर्ण है, इस दौरान बच्चों को किताबों के बजाय खेल और एक्टिविटी के जरिए सीखने पर जोर दिया जाता है।