दिल्ली-एनसीआर में स्वाइन फ्लू के मामले इस साल 1777 तक पहुंच गए हैं, जो पिछले साल की तुलना में कम से कम 7 गुना अधिक हैं।
एम्स के पूर्व निदेशक डॉ. रणदीप गुलेरिया ने बताया कि वायरस में 'एंटीजेनिक ड्रिफ्ट' के कारण यह अधिक संक्रामक हो गया है और वैक्सीन लगवा चुके लोगों को भी संक्रमित कर रहा है।
डॉक्टरों ने 50 वर्ष से अधिक आयु के लोगों और गंभीर बीमारियों से पीड़ित मरीजों को फ्लू और न्यूमोकोकल वैक्सीन लगवाने की सलाह दी है ताकि अस्पताल में भर्ती होने का जोखिम कम हो सके।