
जामिया मिल्लिया इस्लामिया प्रशासन ने 20 साल बाद छात्र संघ चुनाव कराने पर सहमति जताई है, लेकिन छात्रों ने इसे अस्पष्ट आश्वासन कहकर खारिज कर दिया है।
छात्रों की मांग है कि संविधान को मंजूरी मिलने की स्पष्ट समय-सीमा बताई जाए और चीफ प्रॉक्टर के इस्तीफे की मांग भी पूरी की जाए।
प्रशासन ने आंदोलन समाप्त करने पर छात्रों को आश्वासन दिया था कि संविधान मंजूरी के 15 दिन में चुनाव होंगे और निलंबन आदेश वापस लिए जाएंगे।