बदलते मौसम के कारण वायरल फीवर के मामले तेजी से बढ़ रहे हैं, जिसमें सर्दी, बुखार और गले में खराश जैसे लक्षण आम हैं।
फिजीशियन ने सलाह दी है कि यदि लक्षण गंभीर हों तो तुरंत डॉक्टर से संपर्क करें और खुद से दवा लेने से बचें।
डेंगू और मलेरिया के लक्षणों में अंतर समझना जरूरी है, इसलिए बुखार होने पर सही जांच कराना ही एकमात्र सुरक्षित विकल्प है।