
पाकिस्तान अधिकृत कश्मीर और गिलगित-बाल्टिस्तान में बिजली और आटे की किल्लत के खिलाफ स्थानीय लोग लगातार सड़कों पर उतर रहे हैं।
मानवाधिकार आयोग के अनुसार स्थानीय नागरिकों द्वारा उच्च बिजली दरों और इस्लामाबाद के प्रशासनिक नियंत्रण के खिलाफ विरोध प्रदर्शन किए जा रहे हैं।
प्रदर्शनकारियों का आरोप है कि भारी हाइड्रोपावर पैदा करने के बावजूद उन्हें महंगी बिजली और बुनियादी सुविधाओं की कमी का सामना करना पड़ रहा है।