ईरान में राष्ट्रपति मसूद पजशकियान के अधिकारों को सीमित कर दिया गया है, जिससे उनकी सत्ता पर पकड़ कमजोर हुई है।
सुरक्षा और परमाणु नीति से जुड़े महत्वपूर्ण फैसले अब कमांडर वाहिदी के हाथों में होंगे, जो सुप्रीम लीडर के करीबी माने जाते हैं।
इस बदलाव से ईरान के आंतरिक राजनीतिक ढांचे में दरारें स्पष्ट हो गई हैं, जिसे सरकारी टीवी पर भी बहस का विषय बनाया गया है।