
राज्यसभा ने मंगलवार को ध्वनि मत से 'जन्म और मृत्यु पंजीकरण (संशोधन) बिल 2026' को पारित कर दिया, जिसे 31 जुलाई को लोकसभा से मंजूरी मिली थी।
सरकार ने स्पष्ट किया कि जन्म या मृत्यु की सूचना देने की 21 दिन की मौजूदा समय सीमा में कोई बदलाव नहीं किया गया है।
विपक्षी दलों ने सदन में केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह की मौजूदगी की मांग करते हुए अयोध्या राम मंदिर में दान की कथित चोरी को लेकर नारेबाजी की।