
बीमा नियामक IRDAI ने शेयर ट्रांसफर की मंजूरी से जुड़ी फीस में 80% की कटौती की है, जो 50 लाख से घटाकर 10 लाख रुपये कर दी गई है.
नई गाइडलाइन में इंश्योरेंस कंपनियों के IPO, कर्मचारियों को शेयर देने और मर्जर से जुड़े नियमों को भी शामिल किया गया है.
कंपनियों को IPO से पहले और लिस्टिंग के बाद की शेयरहोल्डिंग की जानकारी देनी होगी, साथ ही कर्मचारियों को ESOP के तहत शेयर देने के नियमों पर भी निगरानी सख्त की गई है.