
वाणिज्य एवं उद्योग मंत्रालय के अनुसार अगस्त 2026 में थोक मूल्य सूचकांक पर आधारित महंगाई दर बढ़कर 9.92 प्रतिशत हो गई है।
पेट्रोलियम उत्पादों और प्राकृतिक गैस की कीमतों में तेज उछाल तथा खाने-पीने की चीजों के महंगे होने से थोक महंगाई में यह बढ़ोतरी दर्ज की गई है।
थोक महंगाई बढ़ने से कंपनियों की लागत पर दबाव बढ़ रहा है, जिसका असर भविष्य में खुदरा कीमतों पर भी पड़ सकता है।