आरएसएस प्रमुख मोहन भागवत ने कहा कि जेन-जी पीढ़ी तार्किक जवाब चाहती है और लोकतंत्र में आंदोलन संवाद का एक तरीका है।
उन्होंने जोर दिया कि युवाओं के साथ संवाद की कमी के कारण ही आंदोलन की नौबत आती है और इसे सिस्टम में सुधार के रूप में देखा जाना चाहिए।
भागवत ने जंतर-मंतर पर पैलेट गन के इस्तेमाल पर कहा कि ऐसी घटनाओं के पीछे की परिस्थितियों की जांच होनी चाहिए।