
TRAI ने नए ड्राफ्ट फ्रेमवर्क में साफ किया है कि एआई सिस्टम की गलती से नुकसान पर टेलीकॉम कंपनियां जिम्मेदार होंगी।
कंपनियों को अपने नेटवर्क में इस्तेमाल होने वाले सभी एआई सिस्टम को जोखिम के आधार पर तीन श्रेणियों में बांटना होगा।
कंपनियों को बड़ी गड़बड़ियों की रिपोर्ट सीधा ट्राई को सौंपनी होगी और एक विशेष सेफ्टी कमेटी बनानी होगी।