कच्चे माल की बढ़ती लागत के कारण FMCG कंपनियां बिस्किट, साबुन और तेल जैसे रोजमर्रा के सामानों की कीमतें बढ़ाने की तैयारी कर रही हैं।
सितंबर तिमाही में इन उत्पादों के दाम 5 से 10 रुपये तक बढ़ सकते हैं, जिससे आम आदमी की जेब पर सीधा असर पड़ेगा।
कंपनियां लागत के दबाव को कम करने के लिए पैकेट के आकार को छोटा करने या कीमतों में बढ़ोतरी का विकल्प चुन रही हैं।