7 अगस्त 2026 को सऊदी अरब, तुर्की और पाकिस्तान ने 'मक्का संयुक्त रक्षा समझौते' पर हस्ताक्षर किए हैं, जो नाटो के सामूहिक सुरक्षा ढांचे पर आधारित है।
इस समझौते के तहत तीनों देशों में से किसी एक पर हमला होने पर उसे सभी पर हमला माना जाएगा, लेकिन मिस्र ने भारत के साथ रणनीतिक संबंधों के कारण इससे दूरी बनाई है।
भारत और मिस्र के बीच 'साइक्लोन' सैन्य अभ्यास और रक्षा हार्डवेयर खरीद की बातचीत चल रही है, जिससे काहिरा के लिए पाकिस्तान के साथ सैन्य गठबंधन में शामिल होना चुनौतीपूर्ण है।