
कुछ बड़े यूपीआई मर्चेंट ट्रांजैक्शन पर 15 अक्टूबर से 0.4 प्रतिशत का मर्चेंट डिस्काउंट रेट लागू होने की बात कही गई है, जिसकी अधिकतम सीमा 300 रुपये तय की गई है।
यह चार्ज केवल डिजिटल पेमेंट स्वीकार करने वाले व्यापारियों पर लागू होगा और ग्राहकों से सीधे किसी प्रकार का अतिरिक्त शुल्क वसूलने की अनुमति नहीं होगी।
एनपीसीआई के आंकड़ों के मुताबिक, अगस्त के मुकाबले सितंबर में यूपीआई लेनदेन की कुल संख्या और मूल्य में क्रमशः 1.8 प्रतिशत और 1.5 प्रतिशत की गिरावट दर्ज की गई।