
विदेश मंत्री एस. जयशंकर ने संयुक्त राष्ट्र महासभा के 81वें सत्र में शांति, आतंकवाद और जलवायु परिवर्तन जैसी वैश्विक चुनौतियों के लिए बहुपक्षवाद को जरूरी बताया।
उन्होंने ईंधन, खाद्य और उर्वरक के '4F संकट' का जिक्र करते हुए कहा कि अंतरराष्ट्रीय नियमों और कानूनों का पालन ही स्थिरता ला सकता है।
सम्मेलन में नेताओं ने वैश्विक सुधारों के लिए मिलकर काम करने और संवाद के जरिए टकराव को सहयोग में बदलने पर सहमति व्यक्त की।