सांसद शशि थरूर ने नेपाल और भारत के लिए हिमालयी क्षेत्र में चीन द्वारा डेटा साझा करने में देरी को जलवायु संकट के दौरान एक बड़ी सुरक्षा चुनौती बताया है।
थरूर ने कहा कि चीन तिब्बती पठार से निकलने वाली ब्रह्मपुत्र और गंगा की सहायक नदियों का डेटा समय पर नहीं देता, जिससे अरुणाचल प्रदेश और नेपाल में बाढ़ का खतरा बढ़ता है।
उन्होंने भारत, चीन और नेपाल के बीच एक पारदर्शी त्रिपक्षीय पर्यावरणीय तंत्र बनाने की मांग की है ताकि हिमालयी क्षेत्र में रहने वाले एक अरब से अधिक लोगों की सुरक्षा सुनिश्चित हो सके।