
स्वास्थ्य विशेषज्ञों के अनुसार, 40 वर्ष की आयु के बाद लोगों को नियमित रूप से ब्लड प्रेशर, लिपिड प्रोफाइल और ब्लड शुगर की जांच करानी चाहिए।
हाई ब्लड प्रेशर को 'साइलेंट किलर' माना जाता है जो बिना बाहरी लक्षणों के दिल की बीमारियों का सबसे बड़ा कारण बनता है।
लिपिड प्रोफाइल टेस्ट से शरीर में खराब कोलेस्ट्रॉल यानी एलडीएल के स्तर का पता चलता है जो धमनियों में ब्लॉकेज का कारण बन सकता है।