CSIS की रिपोर्ट के अनुसार, चीन अपने विमानवाहक बेड़े का तेजी से विस्तार कर रहा है, लेकिन ये युद्धपोत अमेरिकी पनडुब्बियों के हमलों के प्रति असुरक्षित हो सकते हैं।
रिपोर्ट में कहा गया है कि चीन की समुद्र के नीचे निगरानी करने की क्षमताओं में कमी है, जिसका फायदा उठाकर अमेरिका और सहयोगी देश उन्हें धमका सकते हैं।
चीन ने पिछले साल नवंबर में अपना तीसरा विमानवाहक पोत 'फुजियान' सेवा में शामिल किया था, जिसे हिंद महासागर जैसे रणनीतिक मार्गों पर तैनात करने की योजना है।