जहानाबाद में आयोजित एक कार्यशाला में स्वास्थ्य विशेषज्ञों ने टैटू बनवाते समय नई और सुरक्षित सुई का उपयोग करने की सलाह दी है।
विशेषज्ञों ने बताया कि पुरानी या संक्रमित सुई के उपयोग से AIDS और हेपेटाइटिस जैसी गंभीर बीमारियों का खतरा बढ़ जाता है।
कार्यशाला का उद्देश्य युवाओं को टैटू और अन्य सौंदर्य प्रक्रियाओं के दौरान स्वच्छता के प्रति जागरूक करना था ताकि संक्रमण से बचा जा सके।