चीन में गिरती जन्म दर और बुजुर्ग होती आबादी के बीच सरकार ने शादी के रजिस्ट्रेशन को अस्पतालों, बैंकों, नाइटक्लबों और मेट्रो स्टेशनों तक सुलभ बना दिया है।
2026 की पहली छमाही में चीन में विवाह पंजीकरण में 7.5% की गिरावट दर्ज की गई है, जबकि मई 2025 में 'हुकोउ' की अनिवार्यता भी खत्म कर दी गई थी।
सोशल मीडिया पर लोग इन कदमों की आलोचना कर रहे हैं और कह रहे हैं कि युवा शादी से इसलिए बच रहे हैं क्योंकि वे भविष्य की आर्थिक चुनौतियों का सामना करने में आत्मविश्वास की कमी महसूस करते हैं।