
विदेश मंत्री एस जयशंकर ने संयुक्त राष्ट्र महासभा में यूक्रेन और मिडिल ईस्ट के युद्धों पर गहरी चिंता जताते हुए कहा कि संघर्षों से दूर देशों को बिना गलती के नुकसान उठाना पड़ रहा है।
उन्होंने अंतरराष्ट्रीय जलमार्गों पर कमर्शियल जहाजों और नाविकों को निशाना बनाने को पूरी तरह अस्वीकार्य बताया और ऊर्जा व व्यापार के निर्बाध प्रवाह की अपील की।
जयशंकर ने आतंकवाद को बढ़ावा देने और उसके नतीजों से छूट की उम्मीद करने वालों पर तीखा वार करते हुए कहा कि भारत आतंकवाद के खिलाफ अपने बचाव के अधिकार का इस्तेमाल करेगा।