ईरान ने अपने प्रॉक्सी संगठनों के जरिए सऊदी अरब को चारों तरफ से घेर लिया है, जिससे सऊदी के तेल इंफ्रास्ट्रक्चर और समुद्री व्यापार पर गंभीर खतरा मंडरा रहा है।
यमन के हूती विद्रोहियों ने 20 जुलाई से समुद्री नाकेबंदी कर रखी है, जबकि ईरान ने होर्मुज जलडमरूमध्य को फरवरी से बंद कर रखा है, जिससे सऊदी का तेल निर्यात प्रभावित हुआ है।
सऊदी अरब ने हूती विद्रोहियों से निपटने के लिए 14 देशों का एक नौसैनिक गठबंधन बनाया है, जिसमें पाकिस्तान, मिस्र और बहरीन जैसे देश शामिल हैं।